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पाचन शक्ति बढ़ाने के घरेलू उपाय !!

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1. जीरा तो हम सब के घर होता हैं और इसका उपयोग हम प्रतिदिन खाना बनाने में करते हैं जीरा एक बहुत ही गुण कारी बीज हैं, इसका उपयोग हम पारंपरिक चिकित्सा के रूप में बहुत पहले से करते आ रहे हैं जीरा हमारे पाचन में बहुत लाभदायक होता हैं जीरा अपचन और पेट में बनने वाली गैस को खत्म कर देता हैं तथा पेट में आंत की सूजन को कम करता हैं इसे लेने का तरीका हैं कि जिस भी व्यक्ति को पाचन कि समस्या हैं वो एक से दो चम्मच जीरा पाउडर का प्रयोग अपने भोजन में करे या चाय के रुप में भी आप इसे ले सकते हैं।

2. लौंग को हम सभी अच्छे से जानते हैं यह हम सभी के घर में होती हैं और इसका प्रयोग बहुत सारी जगह पर किसी ना किसी रूप में किया जाता हैं लौंग बहुत सारी बीमारियों में लाभकारी होती हैं, लौंग पाचन क्रिया में बहुत ही असरदायक हैं लौंग के गुण पेट में बनने वाली गैस को कम करते हैं गैस्ट्रिक स्राव बढ़ाने में मदद कर सकते हैं लौंग उल्टी और मतली जैसे समस्या के लिए भी लाभकारी हैं, यह पाचनतंत्र कि क्रिया को बढ़ा देता हैं। पाचन तंत्र मजबूत करने के लिए एक चम्मच लौंग पाउडर को लेके शहद के साथ दिन में एक बार सोने से पहले खांए, पाचन शक्ति बढ़ाने के लिए लौंग कि चाय भी पीना लाभकारी हैं।

3. कद्दू के बारे में तो सभी लोग अच्छे से जानते हैं हम सब के घर में कद्दू का उपयोग किया ही जाता हैं, लेकिन क्या आप को पता हैं कि कद्दू का प्रयोग हमारे पाचन को बढ़ने में किया जा सकता हैं, कद्दू में काफी अधिक मात्रा में फाइबर पाया जाता हैं तथा इसमे स्टार्च और चीनी कि बहुत कम मात्रा में पायी जाती हैं जो कि फाइबर कि अधिकता के कारण यह पाचन क्रिया में मदद करता हैं और डाइरिया और कब्ज जैसी समस्या को कम करता हैं। कद्दू का सेवन के लिए कद्दू को पहले छोटे छोटे टुकड़ो में काट लें और उनको पकायें और इनका सेवन करे इसके साथ आप किसी सूप को भी ले सकते हैं जो आपको अच्छा लगे, पाचन शक्ति कमजोर होने पर इसका सेवन आपको एक से दो हफ्ते तक रोज करना हैं।

4. कैमोमाइल चाय पाचन क्रिया के लिए लाभदायक होती हैं  कैमोमाइल चाय एंटी इंफ्लेमेटरी और एंटीस्पाज्मोडिक गुणों के कारण पाचन में लाभकारी हैं, कैमोमाइल चाय पीने से कई सारी पाचन समस्या ऐंठन, दस्त, और पेट कि मरोड़ (इर्रिटेबल बोवेल सिंड्रोम) जैसे समस्या दूर हो जाती हैं कैमोमाइल चाय अच्छी नींद और मन को शांत रखने के लिएफायदेमंद हैं, कैमोमाइल चाय बनाने के लिए उबलते हुये पानी में एक चम्मच कैमोमाइल चाय या उसके एक या दो चाय के टी बैग को 10 मिनिट के लिए रखे उसके बाद इसमे थोड़ा सा शहद मिला ले। अब इसके बनने के बाद आप इसे दिन में दो बार पिए आप को पाचन शक्ति बढ़ाने में इससे काफी लाभ होगा।

5. भारतीय परम्परा के अनुसार खाना खाने के बाद सौफ़ को दिया जाता हैं क्योंकि यह पाचन क्रिया को तेज करती हैं जिससे पाचन अच्छी तरह से होता हैं, सौंफ में एंटीस्पाज्मोडिक पाया जाता हैं जो कि अपचन को ठीक करने में मदद करता हैं, सौफ़ के सेवन से पेट की ऐठन और गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल जैसी समस्याओं को खत्म कर देता हैं इसके लिए आप को पानी में आधा चम्मच सौंफ पाउडर ले और उसको पानी में 10 मिनिट तक उबाले और जब भी आपको को पाचन सम्बन्धी कोई प्रोब्लम लगे तो आप इसका सेवन करे इससे आपको लाभ होगा।

6. नीबू पानी पाचन के लिए बहुत लाभदायक होता हैं, नींबू की क्षारीय प्रकृति के कारण यह पेट कि अम्लीयता को खत्म कर देता हैं और यह पाचन शक्ति को बढाता हैं। नीबू  विटामिन c का अच्छा स्त्रोत हैं नीबू के एक चम्मच रस को एक गिलास गर्म पानी में मिला के खाना खाने के पहले पीना हैं, कुछ दिन तक रोज इसका सेवन करने से आप के पाचन शक्ति में सुधर दिखाई देने लगेगा। इसे पिने के बाद साधारण पानी से कुल्ला कर ले जिस से अपने दांत को कोई हानि न पहुंचे।

7. पुदीना एक सांस फ्रेशनर है पर इसके साथ-साथ यह शरीर के लिए काफी फायदेमंद हैं यह एक एंटीस्पाज्मोडिक हैं इसलिए पाचन शक्ति बढाने के लिए पुदीना आयुर्वेदिक दवा की तरह काम करता हैं इसे उल्टी और दस्त रोकने के लिए प्रयोग में लाया जाता हैं,  पुदीना पेट में बनने वाली गैस के लिए पुराना इलाज माना जाता हैं। पुदीना कि कैंडी को चूसने से दर्द कम हो जाता हैं, इसके लिए आप को चाहिए पुदीना कि ताजी पत्ती 1 से 2 चम्मच और 2 कप पानी और शहद। उसके बाद पुदीना पत्ती को पानी में डाल के उसे उबाल ले और जब थोडा ठंडा हो जाये तो उसमे शहद मिला दे। ये आपको प्रति दिन 1 से 2 बार पीना हैं कुछ दिन बाद आप को इससे लाभ दिखाई देगा ।

8. पानी पाचन क्रिया का एक आवश्यक भाग हैं, पाचन शक्ति बढ़ाने के लिए लाभदायक होता है हमारे शरीर को भोजन को पचाने के लिए पानी कि आवश्कता होती हैं, बिना पानी के पाचन संभव नहीं हैं पानी कि कमी के कारण पाचन होना कठिन हो जाता हैं, भोजन में से पोषक तत्व को अवशोषित करने के लिए पानी कि पर्याप्त मात्रा आवश्यकहोती हैं पानी कि कमी के कारण उल्टी और दस्त जैसी समस्या हो सकती हैं।

9. अदरक का प्रयोग तो हम सब के घर में होता ही हैं और हम सब इससे अच्छे से परिचित हैं। अदरक पेट के पाचनतंत्र के लिए बहुत ही लाभदायक होता हैं यह पाचन के लिये बहुत प्रसिद्ध हैं, अदरक हमारे पेट के अम्ल कि मात्रा को कम कर देता हैं अदरक में जिंजरोल और शोगोल नामक रसायन होते हैं जो पेट के पाचन शक्ति बढ़ाने में बहुत असरदायक सिद्ध होता हैं इसके लिए आप एक चम्मच बारीक़ कटा हुआ अदरक ले और एक कप पानी ले अब इस पानी में अदरक को डाल के उसे उबाल ले, उबलने के बाद जब ये थोड़ा ठंडा हो जाये तो  इसमे शहद को मिला दे, अब आपको इसे भोजन से पहले या सोने से पहले 2 से 3 बार पीना है।

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